मक्सी- राजनीतिक इशारे पर आबकारी अधिकारी ने फंसाया पत्रकार को
मक्सी के पत्रकारों ने राज्यपाल के नाम दिया तहसीलदार को ज्ञापन
मक्सी (ईशाक खान)। आबकारी विभाग द्वारा विगत दिनों मक्सी में स्थानीय पत्रकार पर की गई कार्यवाही के सम्बन्ध में मक्सी के पत्रकार और श्रमजीवी पत्रकार संघ, ब्लॉक मक्सी द्वारा चार बिन्दु का ज्ञापन राज्यपाल को संबोधित करते हुए अतिरिक्त तहसीलदार संदीप इवने को सौपा। ज्ञापन में संघ द्वारा मामले की उच्च स्तरीय निष्पक्ष जांच करवाने की मांग के साथ ही चार बिन्दुओं की ओर प्रशासन का ध्यान आक्रष्ट किया है ।
संघ की ओर से दिये गये ज्ञापन में आबकारी विभाग द्वारा मौके पर प्रकरण नही बनाते हुए अपने कार्यालय में जाकर प्रकरण बनाया गया जिसे घटना की दिनांक से दो दिन बाद दर्ज किया गया। जिले में आबकारी विभाग द्वारा अनेक बार बड़ी मात्रा में अवेध शराब जप्त कर प्रकरण बनाये गये लेकिन वे प्रकरण गैरजमानती धारा 34(1) व 34(2) के तहत पंजीबद्ध नही किये गये जबकि उपरोक्त प्रकरण में कम मात्रा में शराब जप्त करने के बावजुद प्रकरण 34(1) व 34(2) के तहत बनाया गया । घटना स्थल पर अधिकारीयों द्वारा पत्रकार मिनल उर्फ अर्पित परमार के साथ मारपीट की गई एवं जाती सूचक शब्दों का प्रयोग किया गया। आबकारी विभाग के अधिकारीयों ने उपरोक्त कार्यवाही की विड़ियोग्राफी भी नही की। ज्ञापन में आदी तथ्यों को उल्लेखित किया गया है।
इस अवसर पर ब्लॉक अध्यक्ष सुलभ व्यास, सचिव भरत पटेल, कोषाध्यक्ष यासीन खॉन, जिला सचिव राधेश्याम देवड़ा, उपाध्यक्ष विकास गोयल, करण मालवीय, रामलाल भावसार, बाबुलाल कोठारी, बद्रीलाल जाट, इमरान खॉन, निर्मल भदोरिया, पटवारी भगवानसिंह गुर्जर, आरक्षक शैलेन्द्र सिंह सिसोदिया आदि उपस्थित थे ।
भाजपा के पूर्व विधायक गंगाराम परमार का भतीजा है पत्रकार
पत्रकार मीनल उर्फ अर्पित परमार भाजपा के पूर्व विधायक गंगाराम परमार का भतीजा है और भाजपा के वरिष्ठ नेता राधेश्याम परमार का पुत्र है राधेश्याम परमार ने बताया कि राजनीतिक देशता के चलते बदले की भावना से यह कार्रवाई हुई है। नेताओं की गोद में बैठ कर बदले की भावना से आबकारी अधिकारी राय ने मेरे पुत्र को दूसरी जगह से शराब खरीद कर झूठा प्रकरण बनाया और फंसाया है। जिसकी शिकायत मैंने केंद्रीय मंत्री थावरचंद गहलोत से की है और उन्होंने कार्रवाई के लिए मुझे आश्वस्त भी किया है। इसके बाद सहायक जिला आबकारी अधिकारी राधेश्याम राय पर गाज गिरना तय माना जा रहा है।
सहायक जिला आबकारी अधिकारी पर गिर सकती है गाज
पत्रकार अर्पित परमार के मामले में सहायक जिला आबकारी अधिकारी राधेश्याम राय पर गाज गिर सकती है क्योंकि थावरचंद गहलोत से राधेश्याम परमार के पारिवारिक संबंध है और गहलोत ने दिल्ली बुलाकर राधेश्याम परमार से चर्चा की है इस पर शाजापुर देवास के सांसद भी हरकत में आ गए हैं कलेक्टर ने शुजालपुर एसडीएम को जांच के आदेश भी दे दिए हैं क्योंकि जिस प्रकार से राय ने कार्यवाही की है वे धाराएं शराब बनाने वाले पर की जाती है लेकिन राजनीतिक देशता और बदले की भावना से प्रकरण दर्ज किया है जिससे पत्रकार को जेल जाना पड़ा अगर निष्पक्ष जांच होती है तो सहायक जिला आबकारी अधिकारी राधेश्याम राय पर गाज गिरना तय माना जा रहा है।
राजनीतिक इशारे पर सहायक जिला आबकारी अधिकारी राधेश्याम रॉय ने मेरे बालक को झूठे प्रकरण में फसाया है और मुझे आशंका है कि वो मेरे पूरे परिवार को बदले की भावना से फसाना चाहते है। – राधेश्याम परमार वरिष्ठ भाजपा नेता मक्सी।
प्रकरण दर्ज हुआ है, प्रकरण में अनुसंधान होगा और भी गिरफ्तारियां होगी।
– राधेश्याम राय
सहायक जिला आबकारी अधिकारी शाजापुर
Post a Comment