देवास- उज्जैन लोकायुक्त पुलिस ने देवास में बुधवार रात एक ASI को चालान पेश करने के एवज में ₹5000 की रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़ लिया, लोकायुक्त पुलिस ने ASI से उस चालान डायरी को भी जप्त किया जिसे पेश करने के एवज में ASI ने रिश्वत की मांग की थी, इस प्रकरण की सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि लोकायुक्त पुलिस ने सिविल लाइन थाने के ठीक सामने चाय बेचने वाले को भी रिश्वत मामले में आरोपी बनाया है,
●यह था पूरा मामला
देवास की माता टेकरी के धूनी गेट के समीप उज्जैन लोकायुक्त पुलिस ने सिविल लाइन थाने पर पदस्थ ASI प्रकाश राजोरिया ने फरियादी अनिल फुलेरिया से सिविल लाइन थाने में दर्ज एक प्रकरण का चालान पेश करने के बदले ₹5000 की रिश्वत मांगी थी, जिसकी शिकायत फरियादी ने उज्जैन लोकायुक्त एसपी को की, शिकायत पर कार्यवाही करते हुवे ट्रेप दल ने आरोपी को रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ धरदबोचा। इसके बाद आरोपी ASI को लोकायुक्त पुलिस सिविल लाइन पुलिस थाने लेकर पहुंची जहां बैठकर पूरी कागजी कार्यवाही को अंजाम दिया गया।
●वह प्रकरण जिसमे चालान पेश किया जाना था
दरअसल फरियादी अनिल फुलेरिया की बहन की गुमशुदगी सिविल लाइन पुलिस थाने में दर्ज हुई थी कुछ समय बाद उसकी बहन मिल गई, गुमशुदगी प्रकरण की विवेचना ASI प्रकाश राजोरिया द्वारा की गई थी, मामला प्रेम प्रसंग से जुड़ा था जिसमे अनिल फुलेरिया के खिलाफ गुमशुदगी से जुड़े मामले में वाद-विवाद के चलते सिविल लाइन पुलिस थाने में 1 सितंबर को धारा 452 ,323, 504, 506, 34 IPC में प्रकरण दर्ज किया गया जिसकी विवेचना भी ASI प्रकाश राजोरिया के पास थी, इसी मामले का चालान पेश करने के बदले ASI के द्वारा रिश्वत की मांग की जा रही थी। लोकायुक्त पुलिस के मुताबिक केस डायरी/चालान की मूल प्रति ट्रेप की कार्रवाई के दौरान ASI के पास से ही मिली है।
खास बात यह है कि रिश्वत लेने वाले ASI को SP ने लापरवाही बरतने के एक मामले में 12 सितंबर को ही सस्पेंड कर दिया था।
वहीं लोकायुक्त पुलिस ने ट्रेप मामले में सिविल लाइन थाने के ठीक सामने स्थित चाय बेचने वाले को भी लेनदेन की बातचीत में रिकॉर्डिंग मिलने पर आरोपी बनाया है।
إرسال تعليق