इंदौर :- देश में तीन तलाक के खिलाफ कानून को लागू हुए लंबा अरसा बीत चुका है. इसके बावजूद अब भी कानून को धता बताकर इस तरह की घटनाएं लगातार सामने आती रहती हैं, जो लोगों की मानसिकता पर सोचने पर मजबूर कर देती हैं.ऐसे ही एक मामले में सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म वॉट्सऐप पर वॉइस नोट भेजकर बीवी को तीन तलाक देने के आरोप में इंदौर के 27 वर्षीय व्यक्ति के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है. पुलिस के एक अधिकारी ने मंगलवार को यह जानकारी दी.
3 साल पहले हुआ था निकाह
रावजी बाजार पुलिस थाने के उप निरीक्षक राम कुमार रघुवंशी ने बताया कि 23 वर्षीय महिला की शिकायत पर उसके शौहर के खिलाफ मुस्लिम महिला (विवाह अधिकार संरक्षण) अधिनियम 2019 के तहत केस दर्ज किया गया है. उन्होंने बताया कि पीड़ित महिला और आरोपी का निकाह करीब तीन साल पहले हुआ था और उनकी एक बेटी भी है.
शादी के बाद चरित्र पर उठाया सवाल
रघुवंशी ने बताया कि महिला का आरोप है कि उसका शौहर निकाह के तीन महीने बाद से ही उसे परेशान कर रहा था और जब वह मां बनने वाली थी, तो उसने उसके चरित्र पर लांछन लगाते हुए कहा था कि गर्भ में पल रहे बच्चे का पिता कोई और पुरुष है. उप निरीक्षक के मुताबिक 18 दिसंबर को आरोपी ने अपनी पत्नी को वॉट्सऐप पर वॉइस नोट भेजकर कथित रूप से तीन बार तलाक कहा.
आरोपी ने बीवी को दिया तीन तलाक
रघुवंशी ने प्राथमिकी के हवाले से बताया कि पीड़ित महिला के परिजन विवाद सुलझाने के लिए दम्पती को काजी के पास ले जा रहे थे, तब भी आरोपी ने अपनी पत्नी को तीन बार तलाक कहा. उप निरीक्षक ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है और फिलहाल आरोपी को गिरफ्तार नहीं किया गया है.
गौरतलब है कि मुस्लिम महिला (विवाह अधिकार संरक्षण) अधिनियम 2019 एक साथ तीन बार तलाक बोलकर वैवाहिक संबंध खत्म करने की प्रथा पर रोक लगाता है. इस कानून में मुजरिम के लिए तीन साल तक के कारावास का प्रावधान है.
.jpeg)
إرسال تعليق